मैं हैरान हूँ

15-05-2026

मैं हैरान हूँ

मुकेश कुमार ऋषि वर्मा (अंक: 297, मई द्वितीय, 2026 में प्रकाशित)

 

मैंने नहीं खेला 
कभी कोई खेल 
बचपन से आज तक 
सिर्फ़ किताबों के सहारे 
गुज़ार दिया 
बचपन और जवानी। 
  
मैं कभी नहीं रोया 
किसी के मरने पर 
मैंने कभी नहीं मनाया जश्न 
किसी की बरबादी पर 
मैं हमेशा सबसे अलग रहा 
बस यूँ ही जीता रहा 
लिखता रहा 
एक अनजान रास्ते पर चलता रहा। 
 
लोग मुझे स्वार्थी 
असंवेदनशील 
पत्थर हृदय 
मनोरोगी 
न जाने क्या-क्या कहते रहे 
पर मैंने कभी किसी से कुछ न कहा 
बस अपना काम किया . . .

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