तुम्हें विदा कहते हुए 
मेरी आँखों ने एक चिट्ठी लिखी 
तुम्हारी आँखों के नाम, 
तुम्हारी आँखों ने पढ़ी; 
लेकिन आँसुओं से 
उस लिखावट को धोने के बजाय 
तुम्हारी आँखों ने 
समेट लिया उन सन्देशों को 
और जुदाई में आँसुओं से 
एक-एक अक्षर पर 
लाखों ग्रन्थ लिख डाले।

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