लेखकों के लिए

लेखकों के लिए

साहित्य कुंज सभी लेखकों व पाठकों को अपनी रचनाएँ प्रकाशन हेतु भेजने के लिए आमन्त्रित करता है। अपनी रचनाएँ हमें भेजते हुए निम्नलिखित नियमों का ध्यान रखें:-

  1. रचनाएँ यूनिकोड में टाईप हुई होनी चाहिएँ। पीडीएफ़ बिल्कुल मत भेजें। अन्य प्रचलित फ़ांट में टाईप की हुई रचना स्वीकार की जा सकती है। परन्तु परिवर्तन करने और उसमें आई ग़लतियों को दूर करने में लगने वाले समय के कारण ऐसी रचनाओं के प्रकाशन में देर लग सकती है।

  2. रचनाएँ माइक्रोसॉफ़्ट के वर्ड फ़ॉर्मैट (.doc, .docx); .txt; ओपनऑफ़िस राइटर या लिब्रेऑफ़िस राइटर के .odt फ़ॉर्मैट में भेजें। (ओपन ऑफ़िस और लिब्रे ऑफ़िस निःशुल्क प्रोग्राम हैं दिए हुए लिंक्स पर उपलब्ध हैं)।

  3. रचनाओं को भेजने से पहले एक बार पढ़ कर ग़लतियाँ सुधार लें। बहुत अधिक ग़लतियों वाली रचनाओं को डिलीट कर दिया जाएगा। रचना की एक प्रति अपने पास अवश्य रखें।

  4. शोध निबंधों के संदर्भों सूची की ओर विशेष ध्यान दें।

  5. साहित्य कुञ्ज में रचनाओं की गिनती आदि की कोई सीमा नहीं है। एक बार में आप जितनी चाहें उतनी रचनाएँ भेज सकते हैं। परन्तु इसका अर्थ यह नहीं कि सभी रचनाएँ एक अंक में ही प्रकाशित हो जाएँगी। आपकी रचनाओं को यथासम्भव सुरक्षित रखा जाएगा और धीरे-धीरे प्रकाशित होती रहेंगी।

  6. आपकी रचना हिन्दी की किसी भी साहित्यिक विधा से संबंधित हो सकती है। सभी का स्वागत है। लेख राजनैतिक व धार्मिक भी हो सकते हैं, परन्तु कृपया आपत्तिजनक और विवादास्पद विषयों से दूर रहें तो अच्छा है। इस पत्रिका उद्देश्य हिन्दी जगत में सेतु रूप में उभरना है इसलिए रचनाओं के प्रकाशन का अन्तिम निर्णय साहित्य कुंज का ही होगा और इसके विषय में पत्र व्यवहार नहीं किया जाएगा।

  7. रचना की शब्दों की कोई सीमा नहीं है। बहुत लम्बी रचना होने पर उसे भागों में बाँट कर धारावाहिक रूप में ही प्रकाशित किया जाएगा।

  8. किसी रचना के प्रकाशन से पूर्व लेखक को सूचित करना सदा सम्भव नहीं होता। इसलिए साहित्य कुञ्ज को नियमित रूप से पढ़ते रहें।

  9. साहित्य कुंञ एक लाभ निरपेक्ष पत्रिका है। इसमें प्रकाशित रचनाओं के लिए न तो कोई राशि ली जाती है और न दी जाती है।

  10. अगर आप किसी और की रचना भेज रहे हैं तो कृपया मूल लेखक से अनुमति लेना आपका दायित्व है और उस रचना पर मूल लेखक का नाम अनिवार्य है।

  11. अगर कोई किसी अन्य की रचना को चुरा कर प्रकाशित करवाता/करवाती है तो ऐसे लेखक की सभी रचनाओं को साहित्य कुञ्ज से हटा देने का अधिकार साहित्य कुञ्ज का है।

  12. साहित्य कुञ्ज में सभी रचनाएँ संपादित होती हैं। किसी बड़े परिवर्तन से पहले आपसे संपादक संपर्क करेगा और आपकी अनुमति मिलने पर ही आपकी रचना में परिवर्तन करने के बाद ही रचना प्रकाशित हो सकती है। अगर आप परिवर्तन की अनुमति नहीं देते तो रचना प्रकाशित नहीं की जाएगी।

  13. साहित्य कुञ्ज में प्रकाशित अपनी रचना को आप और कहीं भी प्रकाशित करवा सकते हैं, यह अधिकार लेखक का है। अगर आपकी कोई रचना पूर्व प्रकाशित है, कृपया रचना भेजते समय हमें अवश्य सूचित करें। क्योंकि एक ही रचना को इंटरनेट पर विभिन्न ई-पत्रिकाओं में प्रकाशित करवाने का कोई लाभ नहीं है। अन्य माध्यमों में प्रकाशित रचनाओं पर साहित्य कुंज को कोई आपत्ति नहीं है।

  14. आप अपनी रचनाएँ sahityakunj@gmail.com पर भेजें। हर रचना के मिलने की सूचना लेखक को देना हमारे सामर्थ्य से बाहर है। 

हम आपकी रचनाओं की प्रतीक्षा करेंगे।