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ISSN 2292-9754

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01.23.2019


सफलता का सूत्र

उच्च शिक्षा प्राप्त आलोक अनेक प्रयासों के बाद भी सफलता नहीं मिलने पर भाग्यवादी हो गया था। वो पिछले कई महीनों से हस्तरेखा जानकार ज्योतिषियों की शरण में जाने लगा था पर वहाँ भी उसे कुछ हासिल नहीं हो रहा था। एक दिन अचानक उसके मन में एक विचार आया कि ये लोग भाग्य की रेखा को ललाट व हाथ में ही क्यों ढूँढ़ते हैं? तो उसके तुरंत समझ में आ गया- ललाट की रेखाओं का राज सकारात्मक चिंतन और हाथ की रेखाओं का मतलब कार्य अर्थात सकारात्मक सोच के साथ अपने लक्ष्य के लिए अनवरत कार्य करते रहो, सफलता अवश्य मिलेगी; ये ही तो हमारे हाथ व ललाट की रेखाएँ हमसे कहती हैं। अब उसके जीवन से निराशा जा चुकी थी...!


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