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ISSN 2292-9754

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02.19.2015


बिजली क्यूँ चमके,
बादल क्यूँ गरजें?

 मेरा एक दोस्त,
अपनी बीवी को दफ़नाकर,
घर लौट रहा था,
कि रास्ते में
अचानक बिजली चमकने लगी,
बादल गरजने लगे,
और
ज़ोर-शोर से बारिश लगी होने!

कारण,
जानने की मेरी उत्सुकता,
मेरे दोस्त ने,
कुछ इस तरह शांत की -
“यह पानी क्यूँ बरसे,
यह बादल क्यूँ गरजें?
यह तो मालूम नहीं, लेकिन
लगता है वह ठीक-ठाक पहुँच गयी हैं!”


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